सब तीरथ कर आयी | Sab Tirath Kar Aayi Lyrics | Narayan Swami |...
सब तीरथ कर आई तुम्बडिया , सब तीरथ कर आयी ।।
गंगा नाई , गोमती नाई , अड़सठ तीरथ घाई
नित नित उठ मंदिर में आई , तो भीना गई कडवाई ।।
सद्गुरु संत...
वैष्णव जन तो | Vaishnav Jan To Tene Re Kahiye Lyrics | Narshih Maheta
वैष्णव जन तो तेने रे कहिये जे पीड़ परायी जाणे रे
वैष्णव जन तो तेने रे कहिये जे पीड़ परायी जाणे रे
पर दुखे उपकार करे तोये मन अभिमान न आणे रे
सकल लोक...
जपले हरी का नाम | Jap Le Hari Ka Nam Lyrics
जपले हरी का नाम ,मनवा जपले हरी का नाम ,
उसके नामसे बन जायेगे ,तेरे बिगड़े काम |
नाम वो धन है जो ,निर्धन को धनवान बनादे ,
नामही नरको नारायण की,एक पहेचान करादे...
वोही मेरा श्याम है | Vohi Mera Shyam Hai Lyrics | Narayan Swami |...
वोही मेरा श्याम है , नैनो मत वाले है ।
बाल घूंघर वाले है , बोल प्यारे प्यारे है ।
नाम बनवारी है , वो ही मेरा श्याम है ।।
कहा घनश्यामने ओधव को...
बाला जोगी आयो | Bala Jogi Aayo Lyrics | Narayan Swami Bhajan Lyrics
बाला जोगी आयो मैया तोरे द्वार
अंग विभूत गले रुंध माला शेष नाग निपटायो
बाको तिलक , भल चन्द्रमा , नन्द घर अलख जगायो
बाला जोगी आयो।।
लेकर भिक्षा , निकली नंदरानी कंचन थाल धरायो
लो...
मन की तरंग मार लो | Man Ki Tarang Marlo Bas Ho Gaya Bhajan
मन की तरंग मार लो, बस हो गया भजन।
आदत बुरी संवार लो, बस हो गया भजन॥
आये हो तुम कहा से, जाओगे तुम कहाँ।
इतना ही विचार लो, बस हो गया भजन॥
कोई तुम्हे...
हरी के बिना कोन गरीब को बेली | Hari Ke Bina Kon Garib Ko...
हरी के बिना कोन गरीब को बेली ,
हरी के बिना कोन गरीब को बेली ,
धनवाले धन देख फुलाये ,
बांधे महेल हवेली ,
दान धरम दया नहीं दिलमे ,
आये अनीति फैली ,
नाम करण...
अलख तूने खेल बनाया भारी | Alakh Tune Khel Banaya Bhari Lyrics
अलख तूने खेल बनाया भारी
गुरूजी तेरी लीला अपरंपारी ,
इस काया में पास तत्व है
दुग्धा उनमे नारी ,
पचीस प्रकृति साथ रखे वो
ऐसी है बिस्तारी ,
अलख तूने खेल बनाया भारी ,
पांच पचीस मिल...
अलख मिलन के काज फकीरी | Alakh Milan Ke Kaj Fakiri Lyrics
अलख मिलन के काज फकीरी , लेके फिरू में जंगल में ,
तेरी सीकल के काज फकीरी , लेके फिरू में जंगल में ,
तुही तुही तार लगी दिल अंदर , रहु सदा...
इतना तो करना स्वामी | Itna To Karna Swami Lyrics | Bhajanbook
इतना तो करना स्वामी , जब प्राण तनसे निकले
गोविन्द नाम लेकर , जब प्राण तनसे निकले ||
श्री गंगाजीका तटहो , या यमुनाजी का बट हो
मेरा सावरा निकट हो , जब प्राण...








